The latest Class 7 Hindi Notes Malhar Chapter 8 बिरजू महाराज से साक्षात्कार Summary in Hindi is designed to make revision simple and effective.
बिरजू महाराज से साक्षात्कार Class 7 Summary in Hindi
बिरजू महाराज से साक्षात्कार Class 7 Hindi Summary
पाठ का सार – बिरजू महाराज ने अपने साक्षात्कार में विद्यार्थियों की जिज्ञासा को संतुष्ट करते हुए कहां कि ‘कथक’ प्राचीन परम्परा है जो ‘रामायण’ और ‘महाभारत’ से जुड़ी है। कथक में कहानी को अनौपचारिक तरीके से कहा जाता था, लेकिन धीरे-धीरे यह कलात्मक रूप में विकसित हुआ। इसमें भाव-भंगिमा और लय का बहुत महत्त्व है। गाना, बजाना और नाचना तीनों संगीत के अभिन्न अंग हैं। संगीत और नृत्य बच्चों के बौद्धिक विकास के लिए महत्त्वपूर्ण हैं। ये उन्हें अनुशासन, संतुलन और सहयोग की भावना सिखाते हैं। बिरजू महाराज ने इसके प्रस्तुतीकरण को बदला है। लड़कियों को आत्मनिर्भर बनाने के लिए भी ड़न्होंने कथक सीखने पर बल दिया है।

बिरजू महाराज से साक्षात्कार शब्दार्थ
- साक्षात्कार = प्रत्यक्ष भेंट, मुलाकात, दो या दो से अधिक व्यक्तियों के बीच एक औपचारिक बातचीत।
- औपचारिक = नियम आदि का पालन किया गया हो।
- तालीम = शिक्षा।
- गंडा = ताबीज, रक्षा-सूत्र।
- आदि पर्व = प्रारम्भ का अध्याय।
- आवरण = ढकना, छिपाना, घेरना, परदा, बचाव।
- लहरा = लहर, मजा, आनंद, बाजों की संगत।
- भाव-भंगिमा = मन के विकार को व्यक्त करने वाला अंग चालन या क्रिया।
- पनघट = पानी भरने का घाट।
- छुटपन = छोटापन, बचपन।
- फरमाइश = आज्ञा, आज्ञा रूप में कुछ मांगना।
- प्रशिक्षण = किसी व्यवसाय कला दौड़ आदि की लगातार कुछ समय तक दी जाने वाली ट्रेनिंग।
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