To deepen your understanding, the RBSE Class 4 EVS Book Solutions and RBSE Class 4 EVS हमने सीखा और समझा-1 Question Answer provided here offer valuable practice and clarity.
RBSE कक्षा 4 पर्यावरण हमने सीखा और समझा-1 के प्रश्न उत्तर
(क) मौखिक प्रश्न-
वार्तालाप आधारित प्रश्न-
प्रश्न 1.
बाजरे और अन्य मोटे अनाजों के स्वास्थ्य लाभ बताइए।
उत्तर:
बाजरे और अन्य मोटे अनाज सुपाच्य तथा पौष्टिक होते हैं तथा ये मौसम के अनुसार उपयोगी होते हैं।
प्रश्न 2.
गाँव और शहर के जीवन में मुख्य अन्तर क्या है?
उत्तर:
(i) गाँव का जीवन अधिकांशतः कृषि, पशुपालन और उससे संबंधित प्राथमिक व्यवसायों पर आधारित हैं जबकि नगर का जीवन व्यापार, उद्योग, सेवा पर आधारित है।
(ii) गाँव का जीवन सामुदायिक और कम गतिशील जीवन है जबकि नगर का जीवन अपरिचय पर आधारित एकल और अधिक गतिशील है।
प्रश्न 3.
बीज के अंकुरण के लिए किन-किन तत्त्वों की आवश्यकता है?
उत्तर:
बीज के अंकुरण के लिए मिट्टी, पानी, हवा की जरूरत होती है।
प्रश्न 4.
बीज बिना मिट्टी के भी अंकुरित हो सकता है? यदि ‘हाँ’ तो कैसे?
उत्तर:
हाँ, बीज बिना मिट्टी के भी अंकुरित हो सकता है यदि उसे गीले कपड़े में रखा जाए।
![]()
प्रश्न 5.
राजस्थान में पाए जाने वाले किन-किन पौधों की जड़ें गहरी होती हैं और क्यों?
उत्तर:
राजस्थान में पाए जाने वाले खेजड़ी, कीकर, नीम, बरगद और पीपल आदि पेड़ों की जड़ें गहरी होती हैं। ताकि ये पृथ्वी के अन्दर से पानी और पोषण प्राप्त कर सकें तथा हवा के तेज झोंकों, गर्मी आदि से अपना बचाव कर सकें।
प्रश्न 6.
यदि आपको अपने दोस्त को मोटे अनाज को खाने के लिए प्रेरित करना है तो आप कैसे प्रेरित करेंगे?
उत्तर:
हम अपने दोस्त से कहेंगे कि मोटे अनाज पौष्टिक, सुपाच्य तथा स्वास्थ्यवर्धक होते हैं। ये सर्दी में गरम तथा गर्मी में ठण्डी तासीर वाले होते हैं। तुम्हें इनका सेवन अवश्य करना चाहिए।
प्रश्न 7.
क्या आपने कभी किसी गाँव की यात्रा की है? अपने अनुभव साझा करिए।
उत्तर:
विद्यार्थी गाँव की यात्रा के अपने अनुभव स्वयं बताएँ।
प्रश्न 8.
अपने दादा-दादी या माता-पिता से पूछें कि उनके बचपन में कौन-कौन से मोटे अनाज खाए जाते थे और उनसे क्या-क्या बनाया जाता था?
उत्तर:
विद्यार्थी अपने दादा-दादी या माता-पिता से पूछकर इसका उत्तर तैयार करें।
(सामान्यतः ज्वार, बाजरा, मक्का और जौ मोटे अनाज के रूप में खाए जाते थे और इनसे रोटी, राबड़ी, राब, दलिया, खीच आदि बनाए जाते थे।)
प्रश्न 9.
राजस्थान में वर्षा की कमी से खेती पर क्या प्रभाव पड़ता है? इस पर अपने विचार व्यक्त कीजिए।
उत्तर:
राजस्थान में वर्षा की कमी से खेती सूख जाती है। इससे खाद्य अनाज तथा अन्य कृषि उत्पादों की कमी हो जाती है तथा पशुओं के लिए चारे की कमी हो जाती है। इसके प्रभावस्वरूप कृषकों को रोजगार के लिए अन्य प्रान्तों में पलायन करना पड़ता है और चरवाहे अपने पशुओं, विशेषकर भेड़-बकरी, गाय, भैंस आदि को लेकर दूसरे प्रान्तों में चले जाते हैं और आगामी बरसात से पहले वे वापस राजस्थान आ जाते हैं।
प्रश्न 10.
खेतों में काम करते किसानों को देखा है? उनके कार्यों का वर्णन कीजिए।
उत्तर:
किसान बैलों के सहारे हल/ट्रैक्टर चलाकर खेतों को जोतकर कृषि के लिए तैयार करते हैं। फसल उगने पर सिंचाई करते हैं। फसल के पक जाने पर उसे काटते हैं तथा उससे दाना व भूसा निकालते हैं। इसके अतिरिक्त किसान गाय, भैंस व बकरी आदि पालते हैं और उनसे दूध दुहकर, उसे बेचकर धन प्राप्त करते हैं।
(ख) लिखित आकलनसही उत्तर का चयन कीजिए-
प्रश्न 1.
मोटा अनाज कौनसा है?
(क) गेहूँ और चावल
(ख) बाजरा, ज्वार, रागी
(ग) केवल गेहूँ
(घ) केवल चावल
उत्तर:
(ख) बाजरा, ज्वार, रागी
![]()
प्रश्न 2.
राजस्थान में सबसे अधिक पाई जाने वाली वृक्ष प्रजाति कौनसी है ?
(क) नारियल
(ख) खेजड़ी
(ग) केला
(घ) पीपल
उत्तर:
(ख) खेजड़ी
प्रश्न 3.
गाँव में व्यवसाय किस पर निर्भर करता है?
(क) केवल मशीनों पर
(ख) प्रकृति और संसाधनों पर
(ग) केवल मानव श्रम पर
(घ) किसी पर नहीं
उत्तर:
(ख) प्रकृति और संसाधनों पर
प्रश्न 4.
पुराने समय में लोग संचार के लिए किसका उपयोग करते थे?
(क) मोबाइल फोन
(ख) टेलीफोन बूथ
(ग) इंटरनेट
(घ) पत्र
उत्तर:
(घ) पत्र
प्रश्न 5.
राजस्थान में महिलाओं की पारंपरिक पोशाक कौनसी है?
(क) लहंगा-चोली
(ख) साड़ी
(ग) जींस-टीशर्ट
(घ) सलवार-कुर्ता
उत्तर:
(क) लहंगा-चोली
प्रश्न 6.
राजस्थान का सबसे बड़ा मरुस्थल कौनसा है?
(क) ग्रीष्म मरुस्थल
(ख) थार मरुस्थल
(ग) कालाहारी मरुस्थल
(घ) सहारा मरुस्थल
उत्तर:
(ख) थार मरुस्थल
2. रिक्त स्थानों की पूर्ति करिए-
1. बाजरा, ज्वार, मक्का, रागी जैसे अनाज को ______ कहा जाता है।
उत्तर: मोटा अनाज
2. बीज के अंकुरण के लिए ______ और ______ आवश्यक हैं।
उत्तर: हवा, पानी
![]()
3. गाँव में ______ योजना के तहत रसोई गैस की सुविधा दी गई।
उत्तर: उज्ज्वला
4. मिट्टी में नमी बनाए रखने के लिए किसान ______ तकनीक का उपयोग करते हैं।
उत्तर: पाटा।
3. सही/गलत लिखिए-
1. मोटे अनाज केवल सर्दियों में ही खाए जाते हैं।
उत्तर: गलत
2. बीज के अंकुरण के लिए हवा एवं पानी की आवश्यकता होती है।
उत्तर: सही
3. गाँव में विभिन्न स्थानीय व्यवसायों के कारीगर रहते थे।
उत्तर: सही
4. राजस्थान में खेजड़ी के पेड़ को बहुत महत्त्व दिया जाता है।
उत्तर: सही
मिलान कीजिए-
| स्तंभ ‘अ’ | स्तंभ ‘ब’ |
| (i) एलपीजी गैस | (अ) कुम्हार, लुहार, दर्जी |
| (ii) बीज अंकुरण | (ब) धुएँ रहित चूल्हे |
| (iii) इंटरनेट | (स) मिट्टी, पानी और उचित तापमान |
| (iv) पारंपरिक व्यवसाय | (द) आधुनिक संप्रेषण का माध्यम |
उत्तर:
| स्तंभ ‘अ’ | स्तंभ ‘ब’ |
| (i) एलपीजी गैस | (ब) धुएँ रहित चूल्हे |
| (ii) बीज अंकुरण | (स) मिट्टी, पानी और उचित तापमान |
| (iii) इंटरनेट | (द) आधुनिक संप्रेषण का माध्यम |
| (iv) पारंपरिक व्यवसाय | (अ) कुम्हार, लुहार, दर्जी |
निम्न प्रश्नों के उत्तर 20-30 शब्दों में दीजिए
प्रश्न 1.
दादी ने मोटे अनाजों को ‘सेहत की तिजोरी’ क्यों कहा?
उत्तर:
दादी ने मोटे अनाजों को सेहत की तिजोरी इसलिए कहा क्योंकि मोटे अनाज खाने में स्वादिष्ट, पौष्टिक तथा सुपाच्य होते हैं।
प्रश्न 2.
निशान्त के परिवार के गाँव जाने पर बच्चों की क्या प्रतिक्रिया थी?
उत्तर:
बच्चे बहुत आनन्दित हुए। रास्ते में उन्होंने हरियाली, खेत तथा गाय-भैंस को पहली बार देखा। गाँव में पक्की सड़कें, सोलर लाइटें, एलपीजी गैस, पुस्तकालय, इंटरनेट आदि देखकर बच्चे आश्चर्यचकित भी हुए।
![]()
प्रश्न 3.
राजस्थान में खेजड़ी का वृक्ष जल संरक्षण में कैसे सहायक होता है?
उत्तर:
राजस्थान में खेजड़ी का वृक्ष जल संरक्षण में सहायक होता है क्योंकि इसकी जड़ें गहरी जाती हैं। वर्षा के समय यह मिट्टी को बहने नहीं देता तथा जल मिट्टी के अन्दर ही इसके इर्द-गिर्द समा जाता है।
प्रश्न 4.
बीज से पौधा बनने की प्रक्रिया को क्या कहते हैं?
उत्तर:
बीज से पौधा बनने की प्रक्रिया को अंकुरण कहते हैं। अंकुरण एक ऐसी प्रक्रिया है जिसके दौरान बीज से नया पौधा विकसित होता है।
Leave a Reply