• Skip to main content
  • Skip to secondary menu
  • Skip to primary sidebar
  • Skip to footer
  • RBSE Model Papers
    • RBSE Class 12th Board Model Papers 2022
    • RBSE Class 10th Board Model Papers 2022
    • RBSE Class 8th Board Model Papers 2022
    • RBSE Class 5th Board Model Papers 2022
  • RBSE Books
  • RBSE Solutions for Class 10
    • RBSE Solutions for Class 10 Maths
    • RBSE Solutions for Class 10 Science
    • RBSE Solutions for Class 10 Social Science
    • RBSE Solutions for Class 10 English First Flight & Footprints without Feet
    • RBSE Solutions for Class 10 Hindi
    • RBSE Solutions for Class 10 Sanskrit
    • RBSE Solutions for Class 10 Rajasthan Adhyayan
    • RBSE Solutions for Class 10 Physical Education
  • RBSE Solutions for Class 9
    • RBSE Solutions for Class 9 Maths
    • RBSE Solutions for Class 9 Science
    • RBSE Solutions for Class 9 Social Science
    • RBSE Solutions for Class 9 English
    • RBSE Solutions for Class 9 Hindi
    • RBSE Solutions for Class 9 Sanskrit
    • RBSE Solutions for Class 9 Rajasthan Adhyayan
    • RBSE Solutions for Class 9 Physical Education
    • RBSE Solutions for Class 9 Information Technology
  • RBSE Solutions for Class 8
    • RBSE Solutions for Class 8 Maths
    • RBSE Solutions for Class 8 Science
    • RBSE Solutions for Class 8 Social Science
    • RBSE Solutions for Class 8 English
    • RBSE Solutions for Class 8 Hindi
    • RBSE Solutions for Class 8 Sanskrit
    • RBSE Solutions

RBSE Solutions

Rajasthan Board Textbook Solutions for Class 3, 4, 5, 6, 7, 8, 9, 10, 11 and 12

  • RBSE Solutions Class 7
    • RBSE Solutions for Class 7 Maths
    • RBSE Solutions for Class 7 Science
    • RBSE Solutions for Class 7 Social Science
    • RBSE Solutions for Class 7 English
    • RBSE Solutions for Class 7 Hindi
    • RBSE Solutions for Class 7 Sanskrit
  • RBSE Solutions Class 6
    • RBSE Solutions for Class 6 Maths
    • RBSE Solutions for Class 6 Science
    • RBSE Solutions for Class 6 Social Science
    • RBSE Solutions for Class 6 English
    • RBSE Solutions for Class 6 Hindi
    • RBSE Solutions for Class 6 Sanskrit
  • RBSE Solutions Class 5
    • RBSE Solutions for Class 5 Maths
    • RBSE Solutions for Class 5 Environmental Studies
    • RBSE Solutions for Class 5 English
    • RBSE Solutions for Class 5 Hindi
  • RBSE Class 4
    • RBSE Class 3
  • RBSE Class 12
    • RBSE Solutions for Class 12 Maths
    • RBSE Solutions for Class 12 Physics
    • RBSE Solutions for Class 12 Chemistry
    • RBSE Solutions for Class 12 Biology
    • RBSE Solutions for Class 12 English
    • RBSE Solutions for Class 12 Hindi
    • RBSE Solutions for Class 12 Sanskrit
  • RBSE Class 11

RBSE Class 4 Hindi रचना

April 30, 2026 by Phani Leave a Comment

Practicing these RBSE Class 4 Hindi Book Solutions रचना Rachna improves confidence in the language.

RBSE Class 4 Hindi रचना Rachna

निर्देश-पाठ्यपुस्तक में से पढ़ी हुई कोई एक कहानी लिखिए।

1. गोवर्धन पूजा

पौराणिक मान्यतानुसार प्रतिवर्ष गोकुलवासी वर्षा प्राप्ति हेतु इन्द्र देव की पूजार्थ यज्ञ करते थे। कृष्ण ने ग्रामवासियों को समझाया कि प्रकृति हमारी रक्षा करती है न कि इन्द्र देव। ग्रामवासियों ने श्रीकृष्ण की बात मानकर गोवर्धन पर्वत की पूजा की। इन्द्र ने क्रोध में आकर वहाँ मूसलाधार वर्षा कर दी। श्रीकृष्ण ने उनकी सुरक्षा हेतु गोवर्धन पर्वत को छोटी अंगुली पर उठाकर उसके नीचे ग्रामवासियों एवं पशुओं को आश्रय देकर सुरक्षित रखा। लगातार सात दिनों तक वर्षा होती रही फिर भी वे सुरक्षित रहे। अन्त में इन्द्र को अपनी भूल का अहसास होने पर श्रीकृष्ण से क्षमायाचना की। इस घटना के बाद से ही गोवर्धन पूजा की परम्परा प्रारम्भ हुई जो वर्तमान तक लगातार जारी है।

2. बोलने वाली माँद

एक जंगल में खरनखर नाम का शेर रहता था। एक दिन वह तेज भूख के कारण शिकार की तलाश में पूरे जंगल में घूमता रहा, शाम तक उसे कुछ नहीं मिला। इसी समय उसे एक माँद दिखाई दी, रात बिताने के लिए वह उसी में घुस गया और सोचने लगा कि इसमें कोई न कोई जानवर अवश्य रहता होगा। यह सोचकर माँद में एक ओर दुबककर बैठ गया। वह माँद दधिपुच्छ नाम के एक चतुर सियार की थी। उसने जंगल से लौटते हुए देखा कि माँद की ओर जाने के शेर के पदचिन्ह थे किन्तु लौटने के नहीं थे। शेर माँद के अन्दर है या नहीं, ऐसा पता करने के लिए उपाय सोचकर माँद के दरवाजे पर जाकर आवाज दी ‘ऐ मेरी माँद, ऐ मेरी माँद’। जवाब न मिलने पर सियार ने कहा, आज तू बोलती क्यों नहीं? पूर्वानुसार तू बोलेगी तब ही मैं अन्दर आऊँगा अन्यथा तुझे छोड़कर दूसरी माँद में चला जाऊँगा। शेर को विश्वास हुआ कि सचमुच माँद बोलती है। मेरे भय के कारण नहीं बोल रही है अतः उसकी भाषा में मैं ही बोलता हूँ। उसके बोलते ही सियार समझ गया कि शेर अन्दर ही है। वह वहाँ से भाग गया।

3. सुनेली का कुआँ

राजस्थान एवं गुजरात की सीमा पर बसा एक छोटा सा गाँव था ‘नरसी की ढाणी’। इस गाँव में पानी की बहुत कमी थी। अतः गाँव की बहू-बेटियाँ सिर पर घड़े रखकर अति दूर से पानी लाती थीं। सुनेली इसी गाँव की बींदणी थी। पानी के कारण कुछ लोग तो गाँव छोड़कर चले गए किन्तु उसका परिवार पुरखों की ढाणी छोड़कर नहीं जाना चाहता था। एक दिन सुनेली सिर पर पानी का घड़ा उठाए सोचती-विचारती उदासी से घर की ओर लौट रही थी। वह रास्ते में विश्राम के लिए एक खेजड़े के पेड़ के नीचे रुकी। वहाँ चूहों ने बिल बना रखे थे जिनके पास गीली मिट्टी दिखाई दी। उसे देखकर उसने सोचा, यहाँ पानी होना चाहिए। प्रसन्नता से घर पहुँचकर वहाँ कुआँ खोदने के लिए कहा। उसकी बात सुनकर वे हँसे। पति ने समझाया, किन्तु वह नहीं मानी। फिर वह अकेली कुआँ खोदने के लिए फावड़ा लेकर चल दी। बहुत देर तक सुनेली न लौटी तो पति ने बड़े बेटे को देखने के लिए भेजा। खेजड़े के पेड़ के नीचे उसकी माँ फावड़े से खुदाई कर रही थी। ताजी मिट्टी देखकर उसने खोदना शुरू किया। माँ ने कहा, बेटा विश्वास करती हूँ यहाँ पानी निकलेगा। अब तो मैं अपने कुएँ का पानी पीकर ही मरूँगी। तू खुदाई कर। मैं तेरे लिए खाना लेकर आती हूँ। शाम तक जब दोनों अच्छी-खासी खुदाई कर लौट रहे थे तो ढाणी के लोगों ने उनका मजाक उड़ाया। दूसरे दिन बेटों ने माँ की सहायता की किन्तु ढाणी वालों ने उनका मजाक उड़ाया। काम आगे बढ़ता देखकर ढाणी वालों ने भी मदद की जिससे कुएँ में पानी का स्रोत फूटने लगा। गाँव के लोग प्रसन्न हुए तथा उस कुएँ का नाम सुनेली का कुआँ प्रसिद्ध हुआ।

निर्देश-कोई सुनी हुई कहानी लिखिए।

1. खट्टे अंगूर एक बार

एक लोमड़ी वन में इधर-उधर घूम रही थी। घूमते-घूमते वह अंगूरों के बाग में पहुँची। वहाँ अंगूरों के बहुत-से गुच्छे लटक रहे थे। उन्हें देखकर उसके मुँह में पानी आ गया। वह सोचने लगी कि ये अंगूर बहुत ही मीठे हैं, यदि ये मुझे मिल जाएँ, क्या ही आनन्द आ जाए। यह सोचकर लोमड़ी उछलने-कूदने लगी, परन्तु अंगूर बहुत ऊँचाई पर लटक रहे थे। इसलिए वह उन तक नहीं पहुँच सकी। वह कुछ पीछे हटी और फिर वहाँ से दौड़ लगाकर आयी और उछली, पर अंगूरों तक नहीं जा सकी। इस प्रकार उसकी मेहनत सफल नहीं रही। तब वह वहाँ से जाने लगी और बोली कि ये अंगूर तो खट्टे हैं, मुझे इनकी आवश्यकता नहीं है।

RBSE Class 4 Hindi रचना

2. झूठ का फल बुरा

किसी गाँव में एक गडरिया रहता था। वह रोज जंगल में अपनी भेड़ें चराने ले जाता था। एक दिन उसे मजाक करने की सूझी। वह झूठ-मूठ में ही चिल्लाने लगा-भेड़िया आया, बचाओ, भेड़िया आया। उसका चिल्लाना सुनकर गाँव वाले सहायता करने आये। वह गडरिया लोगों को देखकर हँसने लगा और बोला कि मैं तो मजाक कर रहा था। गाँव वाले बुरा मानकर चले गये। एक दिन सचमुच भेड़िया आया। गडरिया अपनी सहायता के लिए खूब चिल्लाया, परन्तु गाँव वालों ने मजाक मानकर उसकी आवाज पर ध्यान नहीं दिया। गडरिया रोता रहा, भेड़िये ने उसकी कई भेड़ों को मार डाला। तब वह बहुत पछताया और समझ गया कि झूठ बोलने का फल बुरा होता है।

पत्र-लेखन

प्रश्न 1.
अपने प्रधानाध्यापकजी को अवकाश के लिए एक प्रार्थना-पत्र लिखिए।
उत्तर:

दिनांक 16-10-20XX

सेवा में,
श्रीमान् प्रधानाध्यापक महोदय,
राजकीय प्राथमिक विद्यालय,
नदबई (भरतपुर)।
महोदय,
नम्र निवेदन है कि मुझे कल से तेज बुखार आ रहा है। इस कारण मैं आज और कल विद्यालय में आने में असमर्थ हूँ।
अतः प्रार्थना है कि मुझे दि. 16-10-20XX व 17-10-20XX का अवकाश देने की कृपा करें।

आपका आज्ञाकारी शिष्य,
अमित गुप्ता
कक्षा 4

प्रश्न 2.
अपनी शाला के प्रधानाध्यापकजी को टी.सी. प्राप्त करने के लिए एक प्रार्थना-पत्र लिखिए।
उत्तर:

दिनांक 12-9-20XX

सेवा में,
श्रीमान् प्रधानाध्यापक महोदय,
राजकीय प्राथमिक विद्यालय,
सीकर।
महोदय,
सादर निवेदन है कि मेरे पिताजी का स्थानान्तरण यहाँ से अलवर हो गया है। मुझे भी पिताजी के साथ रहकर वहीं पढ़ना है।
अतः प्रार्थना है कि मुझे शाला स्थानान्तरण प्रमाणपत्र (टी.सी.) देने की कृपा करें।

आपका आज्ञाकारी शिष्य,
महेन्द्र कुमार
कक्षा 4 (अ)

प्रश्न 3.
अपने बड़े भाई को एक पत्र लिखिए जिसमें आपकी पढ़ाई का समाचार हो।
उत्तर:

243, बापू नगर,
अलवर
दिनांक 10 सितम्बर, 20xx

पूजनीय अग्रज,
सादर प्रणाम !
आपका पत्र मिला। पढ़कर बड़ी प्रसन्नता हुई। यहाँ के समाचार ठीक हैं। मेरी पढ़ाई ठीक चल रही है। मेरे प्रथम व द्वितीय परख में अच्छे अंक आये हैं। अब अगले हफ्ते अर्द्ध-वार्षिक परीक्षा है। मैं मन लगाकर पढ़ रहा हूँ। आप मेरी चिन्ता न करें।
पूज्य माताजी-पिताजी को प्रणाम तथा शीला को प्यार।

आपका प्रिय अनुज
गोपाल सागर

RBSE Class 4 Hindi रचना

प्रश्न 4.
अपने मित्र को प्रथम श्रेणी में उत्तीर्ण होने पर एक बधाई पत्र लिखिए।
उत्तर:

15, बापू बाजार,
जोबनेर
दिनांक 16 मई, 20xx

प्रिय मित्र संजय,
तुम्हारा पत्र मिला। यह पढ़कर बड़ी प्रसन्नता हुई कि तुम कक्षा में प्रथम श्रेणी में उत्तीर्ण हुए हो। तुम्हें इस सफलता के लिए हार्दिक बधाई भेज रहा हूँ। मैं भी अपनी कक्षा में प्रथम श्रेणी में उत्तीर्ण हुआ हूँ। पत्रोत्तर देना।

शेष कुशल।

तुम्हारा मित्र,
राकेश

प्रश्न 5.
जन्म-दिन की पार्टी में बुलाने के लिए मित्र को निमन्त्रण-पत्र लिखिए।
उत्तर:

15, सी स्कीम
जयपुर
दिनांक 18-8-20xx

प्रिय मित्र सुधीर,
तुम्हें यह जानकर प्रसन्नता होगी कि दि. 25-820xx को मेरे छोटे भाई का जन्म-दिन है। इस अवसर पर एक अल्पाहार पार्टी रखी गई है। इसके लिए मैं तुम्हें आमन्त्रित करता हूँ। इस अवसर पर आने की अवश्य ही कृपा करना। शेष मिलने पर।

तुम्हारा मित्र
मनोज

निबन्ध-लेखन

1. गाय (प्रिय पशु)

गाय मेरा प्रिय पशु है। सभी पालतू पशुओं में गाय का अत्यधिक महत्त्व है। हमारे देश में गाय को माता की तरह मानते हैं। पालतू जानवरों में यह सबसे अधिक भोली और समझदार होती है। इसके एक लम्बी पूँछ, चार पैर, दो सींग, दो कान, दो आँखें और चार थन होते हैं। गाय घास, खल, चारा आदि खाती है।
गाय हमें दूध देती है। गाय का दूध मीठा और पौष्टिक होता है। इससे दही, घी, मक्खन, मावा आदि बनाते हैं। इसके गोबर से खाद बनती है। इस तरह गाय अत्यन्त उपयोगी पशु है।

2. गुलाबी नगर-जयपुर

राजस्थान में कई नगर हैं, किन्तु अपनी रमणीयता के कारण जयपुर नगर बहुत प्रसिद्ध है। इसे ‘गुलाबी नगर’ भी कहते हैं। यह हमारे प्रदेश की राजधानी है।
जयपुर नगर में अनेक दर्शनीय स्थान हैं। यहाँ हवामहल, जन्तर-मन्तर, सिटी पैलेस, गोविन्ददेवजी का मन्दिर, अल्बर्ट हॉल आदि विशेष दर्शनीय हैं। इन दर्शनीय स्थानों को देखने के लिए देश-विदेश के हजारों यात्री यहाँ आते हैं। जयपुर अपने कला-कौशल के लिए विश्व में प्रसिद्ध है। यहाँ कपड़े की रंगाई-छपाई का काम और हाथीदाँत के खिलौने बनाने का काम होता है। जयपुर भारत का ऐतिहासिक तथा सुन्दर नगर है।

3. हमारा विद्यालय

हमारा विद्यालय उदयपुर शहर के मध्य में स्थित है। इसका नाम ‘महाराणा भूपाल राजकीय प्राथमिक विद्यालय’ है। हमारे विद्यालय में लगभग चार सौ विद्यार्थी पढ़ते हैं। इसमें पन्द्रह बड़े कमरे, एक विशाल पुस्तकालय और एक वाचनालय है। हमारे विद्यालय में खेलकूद के लिए एक विशाल मैदान है और खेलकूद की अच्छी व्यवस्था है।
हमारा विद्यालय अनुशासन में श्रेष्ठ है। इसमें पन्द्रह अध्यापक और सात अध्यापिकाएँ हैं। हमारे गुरुजनों का सभी छात्रों के साथ मधुर व्यवहार रहता है। हमारे प्रधानाध्यापकजी विद्यालय की प्रगति का ध्यान रखते हैं। हमारे विद्यालय में पढ़ाई के साथ खेलकूद एवं सांस्कृतिक प्रवृत्तियाँ भी चलती हैं। हमें अपने विद्यालय पर गर्व है।

4. दशहरा

हमारे त्योहारों में दशहरा भी एक त्योहार है। यह त्योहार आसोज सुदी दशमी को मनाया जाता है। ऐसा माना जाता है कि इस दिन भगवान् राम ने राक्षसों के राजा रावण को मारकर विजय प्राप्त की थी। इसलिए इसे विजय-दशमी भी कहते हैं।
नवरात्रों में जगह-जगह रामलीला शुरू होती है। दशमी के दिन रावण, कुम्भकर्ण और मेघनाद के पुतले जलाये जाते हैं। इस मौके पर भगवान् श्रीराम, सीता और लक्ष्मण की झाँकी भी निकलती है। दशहरा पर क्षत्रिय लोग शस्त्रों की पूजा करते हैं। दशहरे का त्योहार पाप पर पुण्य की और असत्य पर सत्य की विजय का प्रतीक है। इससे हमें अच्छे कार्य करने की प्रेरणा मिलती है।

RBSE Class 4 Hindi रचना

5. दीपावली

भारत में समय-समय पर अनेक त्योहार मनाये जाते हैं। इन त्योहारों में दीपावली सबसे प्रमुख त्योहार है।
जो कार्तिक मास की अमावस्या के दिन मनाया जाता है। ऐसा माना जाता है कि श्रीराम चौदह वर्ष का वनवास पूरा करके अयोध्या लौंटे थे। उस खुशी में अयोध्या के लोगों ने घी के दीपक जलाये थे। उसी स्मृति में यह त्योहार खुशी के साथ प्रतिवर्ष मनाया जाता है।
दीपावली की रात को घरों में सब ओर दीपक जलाये जाते हैं, लक्ष्मीजी की पूजा होती है। घरों में अच्छे पकवान बनते हैं, मिठाई खायी जाती है। बच्चे पटाखे एवं फुलझड़ियाँ चलाते हैं। दीपावली का त्योहार मंगल-कामना का त्योहार है।

6. रक्षाबंधन (राखी)

रक्षाबन्धन हमारे देश का प्रमुख त्योहार है। यह त्योहार श्रावण मास की पूर्णिमा को मनाया जाता है। राखी के दिन बहिनें अपने भाइयों के मस्तक पर तिलक लगाकर उन्हें मिठाई खिलाती हैं और उनकी कलाई पर राखी बाँधती हैं। इस अवसर पर भाई अपनी बहिन को कुछ उपहार एवं रक्षा का वचन देता है। कहते हैं कि राजपूत रानी कर्णावती ने शत्रुओं से अपनी रक्षा करने के लिए मुगल बादशाह हुमायूँ को राखी भेजी थी। तब हुमायूँ मुसीबत के समय उसकी रक्षा करने आया था। इससे प्रेम-भाव और खुशहाली प्रकट होती है।

7. होली

होली हमारे देश के प्रमुख त्योहारों में से एक है। होली का त्योहार फाल्गुन मास की पूर्णिमा को मनाया जाता है। इस त्योहार का सम्बन्ध भक्त प्रह्नाद की कथा से माना जाता है। होलिका की गोद में उसे बैठाकर आग में बैठाया। होलिका तो जल गई परन्तु भक्त प्रह्राद बच गया। तब से यह त्योहार उसकी याद में मनाया जाता है।
संध्या के समय होली जलायी जाती है। उसमें नये अनाज की बालियों को सेका जाता है। इस दिन आपसी मतभेद भुलाकर सभी लोग गले मिलते हैं, घरों में मिठाई तथा अच्छे पकवान परोसे जाते हैं। अगलें दिन धुलण्डी होती है। सभी लोग रंग, अबीर, गुलाल आदि से खेलते हैं और अपनी खुशी प्रकट करते हैं। होली का त्योहार आपसी मेल-जोल, प्रेम और भाईचारे को बढ़ाने वाला है।

8. गणतन्त्र दिवस (26 जनवरी)

26 जनवरी सन् 1950 को हमारे देश का नया संविधान लागू हुआ। इसलिए 26 जनवरी का दिन हम गणतन्त्र दिवस के रूप में मनाते हैं। गणतन्त्र दिवस हमारे देश का राष्ट्रीय पर्व है। पूरे देश में इस पर्व को बड़ी धूमधाम से मनाया जाता है। इस दिन हमारे देश के राष्ट्रपति कर्त्तव्य पथ पर झण्डा फहराते हैं। राष्ट्रपति राष्ट्र के नाम सन्देश देते हैं तथा सेना की तीनों टुकड़ियों की सलामी लेते हैं। सभी राज्यों की सुन्दर झाँकियाँ भी निकाली जाती हैं। हमारे विद्यालय में भी गणतन्त्र दिवस उत्साह के साथ मनाया जाता है। कुछ सांस्कृतिक कार्यक्रम होते हैं। सभी विद्यार्थियों को मिठाई बाँटी जाती है।

9. मेरे प्रिय अध्यापक

मैं राजकीय उच्च प्राथमिक विद्यालय में पढ़ता हूँ। श्री गंगाराम मेरे प्रिय अध्यापक हैं। वे हमारे कक्षाध्यापक भी हैं। वे हमें हिन्दी पढ़ाते हैं। वे समय के बहुत पाबन्द हैं। उनका स्वभाव बहुत अच्छा है। वे सभी लोगों के साथ मधुर व्यवहार रखते हैं। वे छात्रों के प्रति बहुत स्नेह रखते हैं। वे कक्षा में बहुत अच्छे ढंग से पढ़ाते हैं। उन्हें अपने विषय का पूरा ज्ञान है। वे कमजोर छात्रों की विशेष रूप से सहायता करते हैं। हमारे प्रधानाध्यापक एवं अन्य अध्यापक भी उन्हें बहुत पसन्द करते हैं।

10. स्वतन्त्रता दिवस (15 अगस्त)

15 अगस्त, 1947 को हमारा देश सैकड़ों वर्षों की गुलामी से स्वतन्त्र हुआ था। उसी की स्मृति में हम प्रतिवर्ष इस पर्व को मनाते हैं। इस दिन हमारे देश के प्रधानमंत्री दिल्ली के लाल किले पर ध्वजारोहण करते हैं और देश के नाम सन्देश देते हैं। सभी सरकारी भवनों व कार्यालयों पर तिरंगा झण्डा फहराया जाता है। विद्यालयों में यह पर्व बहुत उत्साह और उमंग के साथ मनाया जाता है। मुख्य अतिथि महोदय ध्वजारोहण करते हैं और देश प्रेम का सन्देश देते हैं। इस दिन कई सांस्कृतिक कार्यक्रम भी आयोजित किये जाते हैं। स्वतन्त्रता दिवस पर बच्चों को फल व मिठाइयाँ बाँटी जाती हैं। यह पर्व हमें स्वतन्त्रता का महत्त्व दर्शाता है। हमें हमारी स्वतन्त्रता पर गर्व है।

11. गणगौर का मेला
अथवा
किसी मेले का वर्णन

राजस्थान में अनेक मेले लगते हैं। गणगौर का मेला भी एक प्रसिद्ध मेला है। जयपुर में गणगौर का मेला विशेष रूप से लगता है। यह चैत्र शुक्ल तीज और चौथ को लगता है। इस दिन आसपास के गाँवों के हजारों लोग मेले में सम्मिलित होने आते हैं। उनकी रंग-बिरंगी पोशाकें होती हैं।
मेले के दिन गणगौर की सवारी निकलती है। यह सवारी जनानी ड्योढी, त्रिपोलिया गेट से निकलती हुई छोटी चौपड़, गणगौरी बाजार होते हुए चौगान स्टेडियम पहुँचती है। चौगान स्टेडियम में कई खेल होते हैं। लोग वहाँ झूले झूलते हैं और तमाशे देखते हैं।
गणगौर का मेला मनोरंजन की दृष्टि से बहुत अच्छा है। इस अवसर पर सभी लोग अपनी खुशियाँ प्रकट करते हैं। इसमें लोगों को मेल-मिलाप का मौका मिलता है। इस तरह मेले का हमारे सामाजिक जीवन में बहुत महत्त्व है।

चित्र वर्णन

प्रश्न 1.
निम्न चित्र को देखकर आठ वाक्यों में कहानी लिखिए-
RBSE Class 4 Hindi रचना 1
उत्तर:

  1. एक जंगल में एक लोमड़ी रहती थी।
  2. एक दिन वह बहुत भूखी थी।
  3. भोजन की तलाश में इधर-उधर घूम रही थी।
  4. एक स्थान पर उसने अंगूर की बेल देखी।
  5. बेल पर बहुत पके हुए अंगूर थे।
  6. उन्हें खाने के लिए उसने अनेक बार प्रयास किया।
  7. किन्तु अंगूर ऊँचे होने के कारण वह प्राप्त नहीं कर सकी।
  8. ये अंगूर खट्टे हैं, ऐसा कह कर लोमड़ी वहाँ से चली गई।

RBSE Class 4 Hindi रचना

प्रश्न 2.
अग्र चित्र को देखकर आठ वाक्यों में कहानी लिखिए-
RBSE Class 4 Hindi रचना 2
उत्तर:

  1. एक दिन सोते हुए शेर पर चूहा उछलकूद करने लगा।
  2. शेर ने जागते ही क्रोधित होकर उसे पकड़ लिया।
  3. चूहे के दया की भीख माँगने पर शेर ने उसे छोड़ दिया।
  4. एक बार शेर शिकारी के जाल में फँस गया।
  5. उसने जाल से बाहर आने के बहुत प्रयास किए किन्तु असफल रहा।
  6. शेर के तेज दहाड़ने की आवाज सुनकर चूहा वहाँ आया।
  7. चूहे ने अपने तेज दाँतों से जाल को काट दिया।
  8. जाल से मुक्त होते ही शेर प्रसन्न हुआ।

प्रश्न 3.
निम्न चित्र को देखकर आठ वाक्य लिखिए –
RBSE Class 4 Hindi रचना 3
उत्तर:

  1. यह आश्रम का दृश्य है।
  2. आश्रम में पर्णकुटिया बनी हुई है।
  3. पर्णकुटियों में ऋषि और उनके शिष्य रहते हैं।
  4. ॠषि अपने शिष्य को उपदेश दे रहे हैं।
  5. शिष्य ध्यान से उपदेश सुन रहा है।
  6. आश्रम का वातावरण रमणीय होता है।
  7. आश्रम में मयूर आदि पक्षी हैं।
  8. आश्रम ऋषि एवं शिष्य की तपस्या का केन्द्र है।

प्रश्न 4.
निम्न चित्र को देखकर जन्तुशाला पर आठ वाक्य लिखिए-
RBSE Class 4 Hindi रचना 4
उत्तर:

  1. यह जन्तुशाला का दृश्य है।
  2. जन्तुशाला में अनेक पशु-पक्षी हैं।
  3. पिंजरे में एक शेर है।
  4. जल में दो बगुले खेल रहे हैं।
  5. एक बच्चा बहन के साथ वहाँ जाता है।
  6. जन्तुशाला में कई प्रकार के लोग रोजाना आते हैं।
  7. जन्तुशाला में खरगोश इधर-उधर खेल रहे हैं।
  8. जन्तुशाला में अनेक वृक्ष भी हैं।

प्रश्न 5.
निम्न चित्र को देखकर उपवन पर आठ वाक्य लिखिए-
RBSE Class 4 Hindi रचना 5
उत्तर:

  1. इस चित्र में एक सुन्दर उपवन (बगीचा) है।
  2. बाग में बालक, बालिका और नारी घूमते हैं।
  3. आकाश में सूर्य और पक्षी हैं।
  4. बगीचे में रंग-बिरंगे फूल भी हैं।
  5. बगीचे में एक राजमार्ग (सड़क) भी है।
  6. बगीचे में एक बालिका रस्सी कूद रही है।
  7. यहाँ कई पेड़ हैं।
  8. यहाँ कई पक्षी कलरव गान करते हैं।

प्रश्न 6.
अग्र चित्र को देखकर स्वतन्त्रता दिवस पर आठ वाक्य लिखिए-
RBSE Class 4 Hindi रचना 6
उत्तर:

  1. इस चित्र में स्वतन्त्रता दिवस समारोह का आयोजन हो रहा है।
  2. इसमें लालकिले परं ध्वजा आरोहण किया जा रहा है।
  3. लोग स्वतंत्रता दिवस उत्सव को मन लगाकर देख रहे हैं।
  4. स्वतन्त्रता दिवस प्रतिवर्ष पन्द्रह अगस्त को मनाया जाता है।
  5. इस दिन हमारा देश स्वतन्त्र हुआ था।
  6. स्वतन्त्रता दिवस का मुख्य समारोह दिल्ली में होता है।
  7. हमारे विद्यालय में प्रधानाध्यापक ध्वजारोहण करते हैं।
  8. स्वतन्त्रता दिवस त्याग एवं वीरता का प्रतीक होता है।

RBSE Class 4 Hindi रचना

पोस्टर निर्माण

प्रश्न 1.
स्वच्छता अभियान हेतु पोस्टर तैयार कीजिए।
उत्तर:
RBSE Class 4 Hindi रचना 7

प्रश्न 2.
‘वृक्षारोपण’ हेतु पोस्टर तैयार कीजिए।
उत्तर:
RBSE Class 4 Hindi रचना 8

प्रश्न 3.
‘बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ’ विषय पर एक पोस्टर तैयार कीजिए।
उत्तर:
RBSE Class 4 Hindi रचना 9

प्रश्न 4.
हाथ धोने के सही तरीके हेतु पोस्टर तैयार कीजिए।
उत्तर:
RBSE Class 4 Hindi रचना 10

संवाद

संवाद का सामान्य अर्थ है-बातचीत। दो या दो से अधिक व्यक्तियों के बीच हुए वार्तालाप या सम्भाषण को संवाद कहते हैं। जब इसी बातचीत को हम लिखते हैं तो उसे संवाद लेखन कहते हैं।
संवाद लेखन में ध्यान रखने योग्य बातें-

  • संवाद की भाषा सरल और वाक्य संक्षित्र होने चाहिए।
  • संवाद रोचक होने चाहिए।
  • संवाद सुनने वाले पर प्रभाव डालने वाले हों।
  • संवाद विषय और पात्र के अनुकूल होना चाहिए।
  • संवाद लेखन में विराम चिह्नों का उचित प्रयोग किया जाना चाहिए।

प्रश्न 1.
अपनी पसंद का खिलौना लेते हुए एक बच्चे राजू का दुकानदार के साथ हुआ संवाद लिखिये।
उत्तर:

  • राजू : अंकल, ये बड़ी वाली गेंद कितने की है?
  • दुकानदार : सौ रुपये की।
  • राजू : इससे कम की नहीं है क्या?
  • दुकानदार : हाँ, बस यह एक नीले रंग की है, जो साठ रुपये की है।
  • राजू : पर अंकल। मुझे तो लाल रंग की चाहिए।
  • दुकानदार : लाल रंग की थोड़ी छोटी है, पचास रुपये की।
  • राजू : ये लो, यह मुझे दे दीजिए।
  • दुकानदार : यह रही तुम्हारी गेंद।
  • राजू : धन्यवाद।

RBSE Class 4 Hindi रचना

प्रश्न 2.
अध्यापक कक्षा में विद्यार्थियों का गृहकार्य जाँचते हैं। रमेश ने अपना गृहकार्य नहीं किया था। अध्यापक एवं रमेश के बीच हुए संवाद को लिखिए।
उत्तर:

  • अध्यापक : रमेश। तुम्हारा गृहकार्य कहाँ है?
  • रमेश : सर ! मैं अपना गृहकार्य नहीं कर पाया हूँ।
  • अध्यापक : क्यों नहीं किया?
  • रमेश : कल मेरे घर पर एक कार्यक्रम था। जिसके कारण मैं अपना गृहकार्य नहीं कर पाया।
  • अध्यापक : इसका मतलब तुम्हारे लिए दूसरे काम पढ़ाई से ज्यादा जरूरी हैं।
  • रमेश : क्षमा माँगता हूँ, सर। परन्तु आज के बाद आपको शिकायत का कोई मौका नहीं मिलेगा।
  • अध्यापक : ठीक है। कल अपना गृहकार्य पूरा करके लाना
  • रमेश : धन्यवाद, सर।

प्रश्न 3.
विद्यालय के मैदान में खड़े दो छात्रों की बातचीत को अपने शब्दों में संवाद रूप में लिखिए।
उत्तर:
(पंकज और मोहित) के बीच संवाद-

  • पंकज : मोहित ! चलो, उस दौड़ में हम भी भाग लें।
  • मोहित : नहीं पंकज, मैं दौड़ में भाग नहीं ले सकता।
  • पंकज : क्यों?
  • मोहित : छह माह पूर्व मेरा ऐक्सीडेण्ट हो गया था।
  • पंकज : कैसे?
  • मीहित : उस समय मैं साइकिल से विद्यालय आ रहा था, तभी एक मोटरसाइकिल वाले ने पीछे से टक्कर मार दी थी।
  • पंकज : फिर क्या हुआ था?
  • पंकज : यह तुम ठीक ही करते हो। तुम्हारे लिए सावधानी रखना अति आवश्यक है।
  • मोहित : हाँ! मैं अब हमेशा सावधानी रखता हूँ।

प्रश्न 4.
विद्यालय में ‘वार्षिक उत्सव’ पर पात्रों का चयन हेतु संवाद लिखिए।
उत्तर:

  • छत्र : जी, सर।
  • शिक्षक : हमारे स्कूल में वार्षिक उत्सव का आयोजन होने वाला है। जिसमें सांस्कृतिक कार्यक्रम होगा।
  • छात्र : वाह! यह तो खुशी की बात है।
  • शिक्षक : सांस्कृतिक कार्यक्रम के अन्तर्गत कविता-पाठ, वाद-विवाद, संगीत, नृत्य सभी प्रतियोगिताएँ होंगी।
  • छत्र : मुझे वाद-विवाद में भाग लेना है।
  • शिक्षक : हाँ-हाँ जरूर, इस विषय में सूचना-पट्ट पर पूरी जानकारी उपलब्ध है।
  • छत्र : बहुत अच्छा, सर।
  • शिक्षक : इच्छुक छात्र सम्बन्धित शिक्षक को अपना नाम लिखवा दें।
  • छत्र : श्रीमानजी ‘वार्षिकोत्सव’ कब होगा?
  • शिक्षक : 16 जनवरी, 20xx को है।
  • छात्र : ठीक है श्रीमानजी, धन्यवाद।

प्रश्न 5.
वृक्षारोपण हेतु दो मित्रों में संवाद लिखिए।
उत्तर:

  • संजय : अरे मित्र ! सुबह-सुबह कैसे आना हुआ?
  • अजय : मित्र ! आज कुछ नया काम करें, इसलिए आया हूँ।
  • संजय : क्या काम करें? कौनसा नया काम सूझा? क्या कुछ सोच रखा है?
  • अजय : स्वच्छ वायु मिले, पर्यावरण शुद्ध रहे, यह सोचा है! इसलिए कुछ वृक्षों की रोपाई करने चलें।
  • संजय : कहाँ पर?
  • अजय : आज ग्राम पंचायत ने वृक्षारोपण का कार्यक्रम रखा है, वहीं पौध मिल जायेगी।
  • संजय : तब तो यह काम आसानी से हो जायेगा।
  • अजय : यह कहो कि पर्यावरण की सुरक्षा और
  • संजय : पर्यावरण शुद्ध है तो हम सब हैं।
  • अजय : अब हम चलकर पौधे लगाते हैं।

प्रश्न 6.
डॉक्टर और मरीज के मध्य संवाद लिखिए।
उत्तर:

  • डॉक्टर : हाँ, बाबूजी बताइये क्या तकलीफ है?
  • मरीज : डॉ. साहब, खाँसी, जुकाम तथा बुखार है।
  • डॉक्टर : ठीक है वहाँ बैठिये, मुँह पर कपड़ा लगाइये, खाँसते समय मुँह पर हाथ रखिये।
  • मरीज : जी डॉक्टर साहब।
  • डॉक्टर : कब से जुकाम हो रहा है?
  • मरीज : तीन-चार दिन हो गए साहब।
  • डॉक्टर : ठण्डी चीजें मत खाइये, गर्म पानी पीजिए, ये कुछ दवाइयाँ लिखी हैं, अस्पताल से ले लीजिए, चार दिन में आराम मिल जाएगा।
  • मरीज : जी डॉ. साहब।
  • डॉक्टर : साफ-सफाई का अवश्य ध्यान रखें, दूरी बनाकर रखिए, खाँसते-छींकते वक्त मुँह पर कपड़ा रखिए, हाथों को साफ रखिए।
  • मरीज : जी साहब, नमस्ते।

RBSE Class 4 Hindi रचना

वर्ग पहेली

प्रश्न 1.
सार्थक अक्षरों के समूह से शब्द बनते हैं। आप निम्नांकित वर्ग पहेली में से अक्षरों का प्रयोग करते हुए छः सार्थक शब्द बताइए।
RBSE Class 4 Hindi रचना 11
उत्तर:

  1. शौक
  2. अभी
  3. राम
  4. सीता
  5. कमल
  6. असीम

प्रश्न 2.
सार्थक अक्षरों के समूह से शब्द बनते हैं। आप निम्नांकित वर्ग पहेली में से अक्षरों का प्रयोग करते हुए छः सार्थक शब्द बनाइए।
RBSE Class 4 Hindi रचना 12
उत्तर:

  1. मानव
  2. माधव
  3. नमकीन
  4. वकील
  5. धमक
  6. मनन

प्रश्न 3.
सार्थक अक्षरों के समूह से शब्द बनते हैं। आप निम्नांकित वर्ग पहेली में से अक्षरों का प्रयोग करते हुए छः सार्थक शब्द बनाइए।
RBSE Class 4 Hindi रचना 13
उत्तर:

  1. कोशिश
  2. मकान
  3. कोमल
  4. शिकायत
  5. वतन
  6. नमन

प्रश्न 4.
सार्थक अक्षरों के समूह से शब्द बनते हैं। आप निम्नांकित वर्ग पहेली में से अक्षरों का प्रयोग करते हुए छः सार्थक शब्द बनाइए।
RBSE Class 4 Hindi रचना 14
उत्तर:

  1. खराब
  2. बजाना
  3. कलम
  4. उपनाम
  5. जाना
  6. राजा

प्रश्न 5.
वर्ग पहेली में छः खण्ड बनाकर गोला कीजिए।
RBSE Class 4 Hindi रचना 15
उत्तर:

  1. गज
  2. सीता
  3. बादल
  4. तोता
  5. गजब
  6. बक
  7. कमल
  8. बम
  9. मछली
  10. छली

हिन्दी मौखिक परीक्षा

निर्देश-मौखिक परीक्षा में वार्तालाप, प्रश्नोत्तर, कवितापाठ, कहानी तथा श्रुतिलेख आदि से सम्बन्धित प्रश्न पूछे जाते हैं। यहाँ इस तरह के नमूने के प्रश्नोत्तर दिये जा रहे हैं।

वार्तालाप सम्बन्धी-

प्रश्न 1.
आपका क्या नाम है?
उत्तर:
श्रीमान् ! मेरा नाम _______ है।

प्रश्न 2.
आप किस जिले के निवासी हैं?
उत्तर:
श्रीमान् ! मैं _______ जिले का निवासी हूँ।

RBSE Class 4 Hindi रचना

प्रश्न 3.
आपके राज्य की राजधानी कहाँ है?
उत्तर:
महोदय ! हमारे राज्य की राजधानी जयपुर है।

कहानी सम्बन्धी-

प्रश्न 1.
अपनी पाठ्यपुस्तक की एक कहानी सुनाइये।
उत्तर:
कोई एक कहानी सुना दो, जैसे- ‘बोलने वाली माँद’।

प्रश्न 2.
बोलने वाली माँद’ कहानी से क्या शिक्षा मिलती है?
उत्तर:
इस कहानी से हमें यह शिक्षा मिलती है कि संकट के समय डरने के बजाय समझदारी और बुद्धिमानी से काम लेना चाहिए।

कविता-पाठ सम्बन्धी-

प्रश्न 1.
अपनी पाठ्यपुस्तक से एक कविता सुनाइये।
उत्तर:
कोई एक कविता सुना दो।
निर्देश-इसी प्रकार गद्य-पाठ का वाचन, श्रुतिलेखन तथा अन्य पाठों से भी प्रश्न पूछे जा सकते हैं।

Share this:

  • Click to share on WhatsApp (Opens in new window)
  • Click to share on Twitter (Opens in new window)
  • Click to share on Facebook (Opens in new window)

Related

Filed Under: Class 4

Reader Interactions

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Primary Sidebar

Recent Posts

  • The Age of Reorganisation Class 7 Notes Social Science Chapter 6
  • Changes Around Us Physical and Chemical Class 7 Notes Science Chapter 5
  • The World of Metals and Non metals Class 7 Notes Science Chapter 4
  • The Rise of Empires Class 7 Notes Social Science Chapter 5
  • Electricity Circuits and Their Components Class 7 Notes Science Chapter 3
  • Exploring Substances Acidic, Basic and Neutral Class 7 Notes Science Chapter 2
  • New Beginnings Cities and States Class 7 Notes Social Science Chapter 4
  • The Ever Evolving World of Science Class 7 Notes Science Chapter 1
  • Understanding Markets Class 7 MCQ Questions SST Chapter 12
  • From Barter to Money Class 7 MCQ Questions SST Chapter 11
  • The Constitution of India An Introduction Class 7 MCQ Questions SST Chapter 10

Footer

RBSE Solutions for Class 12
RBSE Solutions for Class 11
RBSE Solutions for Class 10
RBSE Solutions for Class 9
RBSE Solutions for Class 8
RBSE Solutions for Class 7
RBSE Solutions for Class 6
RBSE Solutions for Class 5
RBSE Solutions for Class 4
RBSE Solutions for Class 3
RBSE Solutions for Class 12 Maths
RBSE Solutions for Class 11 Maths
RBSE Solutions for Class 10 Maths
RBSE Solutions for Class 9 Maths
RBSE Solutions for Class 8 Maths
RBSE Solutions for Class 7 Maths
RBSE Solutions for Class 6 Maths
RBSE Solutions for Class 5 Maths
RBSE Solutions for Class 4 Maths
RBSE Solutions for Class 3 Maths

Copyright © 2026 RBSE Solutions

 

Loading Comments...